गाजीपुर: सड़कों पर शौच, शौचालय के बाहर उग रही सब्जी - Ghazipur News ✔ | ग़ाज़ीपुर न्यूज़ | Latest Ghazipur News in Hindi ✔

Ghazipur News ✔ | ग़ाज़ीपुर न्यूज़ | Latest Ghazipur News in Hindi ✔

गाजीपुर न्यूज़, ग़ाज़ीपुर ब्रेकिंग न्यूज़, खेल समाचार, राजनीति न्यूज़, अपराध न्यूज़

Breaking

Post Top Ad

Post Top Ad

गाजीपुर: सड़कों पर शौच, शौचालय के बाहर उग रही सब्जी

गाजीपुर न्यूज़ टीम, गाजीपुर खुले में शौचमुक्त की तस्वीर कितनी अच्छी है, इसका पता जमानियां ब्लाक के महली ग्राम सभा को देखने के बाद सामने आ जाता है। स्थिति यह है कि शौच तो छोड़िए शौचालय के गड्ढे से लेकर भवन के आस-पास सब्जी का बाग लगा हुआ है। वजह बिना टैंक व मानक विहीन निर्मित इन शौचालय को कागजों में तो पूर्ण दिखा दिया गया। जबकि जमीनी हकीकत काफी दूर है। ऐसी स्थिति में शौचालय होने के बावजूद भी पात्रों को खेतों का सहारा लेना पड़ता है। सब कुछ जानने के बाद भी सत्यापन व कार्रवाई की बात कहकर स्थानीय अधिकारी अपना पल्ला झाड़ लेते हैं।

सरकार एक तरफ जहां देश को शौचमुक्त होने का दावा कर रही है। वहीं जनपद की स्थिति इससे काफी दूर है। जमानियां ब्लाक के महली ग्राम सभा से जुड़े अहिमनपुर, बभनपुरा, कोनहरा गांवों को शौचमुक्त करने के लिए 338 शौचालय निर्माण का लक्ष्य निर्धारित किया गया। कागजी आंकड़ों में महली गांव 14 व अहिमनपुर में 22 व कोनहरा में 48 व बभनपुरा 54 शौचालय पूर्ण दिखाए गए। जबकि इसकी जमीनी हकीकत कुछ अलग है। अहिमनपुर गांव के रामनारायण तिवारी, मंजू देवी, बेचनी देवी, सुनीता देवी व सीमा ने बताया कि 12 शौचालय ही बना है, लेकिन बिना टैंक के ही पूर्ण दिखाया गया है। महली गांव के राजनारायण सिंह, सुशीला देवी, चिता देवी, पंचरत्न ने बताया कि पूरे गांव में मात्र चार शौचलय अब तक बने हैं। जो बने भी उपयोग करने लायक नहीं है। ऐसी स्थिति में लोगों को खेतों में जाने के लिए विवश होना पड़ता है। कई बार खंड विकास अधिकारी से गुहार लगाई गई। बावजूद आश्वासन के आज तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

दुर्गंध व गंदगी से भरी है सड़क
महली व अहिमनपुर गांव में जाने वाली सड़क की स्थिति तो यह है कि मुश्किल से दस मिनट खड़े होने के बाद कोई भी अचेत होकर गिर जाए। मार्ग के दोनों तरफ मल का अंबार लगा हुआ है। दुर्गंध व गंदगी से क्षेत्रीय लोगों को आवागमन के लिए मुंह पर कपड़ा रखकर जाना पड़ता है। यही नहीं बरसात के समय तो स्थिति काफी खराब हो जाती है। जबकि संबंधित विभाग खुले में शौच मुक्त होने का दावा कर अपनी पीठ थपथपा लेता है।

No comments:

Post a Comment

Post Top Ad