Ghazipur: शम्मे हुसैनी अस्पताल पर अब कभी भी चल सकता है बुल्डोजर
गाजीपुर न्यूज़ टीम, गाजीपुर. मऊ के बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी के अति करीबी मो. आजम द्वारा शहर कोतवाली क्षेत्र के हमीद सेतु के पास व गंगा के किनारे बनाए गए शम्मे हुसैनी अस्पताल पर अब कभी भी जिला प्रशासन का बुल्डोजर गरज सकता है। हाईकोर्ट के आदेश पर अस्पताल के संचालक द्वारा दाखिल की गई अपील को बोर्ड ने शुक्रवार की सुनवाई के दौरान देर शाम खारिज कर दिया।
ज्वाइंट मजिस्ट्रेट व सदर एसडीएम प्रभास कुमार की कोर्ट ने बीते आठ अक्टूबर को एक सप्ताह का समय देते हुए शम्मे हुसैनी अस्पताल के संचालक को इसे खुद ध्वस्त करने का आदेश दिया था। इसके बाद संचालक हाईकोर्ट चले गए। कोर्ट ने जिलाधिकारी के यहां अपील दाखिल करने का आदेश दिया। इस पर गुरुवार को सुनवाई थी, लेकिन पूरी नहीं हो सकी। इसके बाद शुक्रवार को पुन: इस पर सुनवाई की गई। इसमें बोर्ड ने अपील को खारिज कर दिया।
एसडीएम को मिली थी यह खामियां
एनजीटी के गाइडलाइन के अनुसार गंगा के 200 मिटर के क्षेत्र में कोई निर्माण नहीं हो सकता है। इतना हीं नहीं, गाजीपुर के मास्टर प्लान के अनुसार उक्त स्थान का कोई कामर्शियल उपयोग नहीं हो सकता है। बावजूद इसके सभी मानक को ताख पर रखकर करोड़ों की लागत से यह भारी भरकम अस्पताल बना दिया गया।
गजल होटल पर 26 को होगी सुनवाई
मुख्तार अंसारी की पत्नी अफ्शां अंसारी, दोनों पुत्र अब्बास व उमर अंसारी के नाम से नगर के महुआबाग में संचालित गजल होटल पर बोर्ड 26 अक्टूबर को फैसला सुनाएगा।
