आजमगढ़ पहुँचे अखिलेश यादव बोले- किसानों की आय दोगुनी होती, तो न करते आंदोलन
गाजीपुर न्यूज़ टीम, आजमगढ़. भाजपा कहती थी कि किसानों की आय दोगुनी कर देंगे, लेकिन इतने साल गुजर गए, अब तक किसानों की आय दोगुनी नहीं हुई। यदि हुई होती तो आज किसान आंदोलन को विवश नहीं हुए होते। देश में बेरोजगारी बढ़ी है, रोजगार कम हुए हैं। रोजगार तभी बढ़ता है जब देश की तरक्की होती है तो आप समझ ही गए होंगे कि देश की तरक्की हो रही है कि नहीं।
ये बातें उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने रविवार को अपने संसदीय क्षेत्र आजमगढ़ के दौरे पर आने के दौरान अतरौलिया डाक बंगले में मीडिया से रूबरू होते हुए कही। उन्होंने कहा कि पूरे प्रदेश में विकास कार्य ठप पड़े हैं। गन्ने के बकाये का भुगतान नहीं हो रहा है। बिजली काफी महंगी हो गई है। डीजल के दाम भी आसमान छू रहे हैं। इसके चलते महंगाई चरम पर पहुंच चुकी है। सरकार किसी भी चीज को नियंत्रित नहीं कर पा रही है। जहां तक रोजगार देने की बात है तो इसमें भी भाजपा की सरकार फेल है। किसान नाराज है और दिल्ली में धरने पर बैठा है। आखिर ऐसी स्थिति उत्पन्न ही क्यों हुई है। इस पर सरकार को मंथन करना चाहिए।
किसानों की आय डेढ़ से दोगुनी करने के वादे के साथ भारतीय जनता पार्टी के लोग सत्ता में आए थे, लेकिन आज तक ऐसा कर पाने में वे सफल नहीं हो सके।इसके पूर्व उन्होंने डाक बंगला अतरौलिया में कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और मीडिया से भी रूबरू हुए।सपा सरकार में पूर्व मंत्री रहे वसीम अहमद के निधन पर शोक संवेदना व्यक्त करने के लिए रविवार को अचानक अपने संसदीय क्षेत्र आजमगढ़ के दौरे पर पहुंचे अखिलेश यादव लगभग 45 मिनट तक उनके घर पर मौजूद रहे। परिवार सदस्यों को ढांढस बनाने के बाद वसीम अहमद के पहाड़पुर स्थित आवास से बाहर निकले अखिलेश यादव ने बाहर जमा कार्यकर्ताओं का अभिवादन स्वीकार किया। इसके बाद शहर में ही आयोजित एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए चले गए। वह रात्रि में सर्किट हाउस में विश्राम करेंगे और सोमवार को लखनऊ के लिए रवाना हो जाएंगे।
