Ghazipur: भ्रष्टाचार में लिप्त पीडब्ल्यूडी सहायक अभियंता पर कार्रवाई हेतु विधायक ने लिखा पत्र
गाजीपुर न्यूज़ टीम, गाजीपुर. पीडब्ल्यूडी के सहायक अभियंता राकेश कुमार के खिलाफ अब सत्तासीन दल के विधायक भी मुखर हो चुके हैं। सदर विधायक डा. संगीता बलवंत ने सोमवार को लोनिवि के प्रमुख सचिव को पत्र लिखकर भ्रष्टाचारी होने के साथ ही चहेते ठेकेदारों के साथ पार्टनरशिप में ठेकेदारी करने का आरोप लगाया है। इनके पास लोनिवि के प्रांतीय खंड, निर्माण खंड एक व तीन का भी वर्षों से चार्ज है, जबकि दोनों में अन्य सहायक अभियंता काफी दिनों से तैनात हैं। विधायक ने प्रमुख सचिव से कहा है कि राकेश कुमार द्वारा किए गए भ्रष्टाचार की जांच कराने के साथ ही एफआइआर दर्ज कर दंडित किया जाए। मालूम हो कि सहायक अभियंता राकेश कुमार का जिले में कार्यकाल छह वर्ष से भी अधिक हो चुका है।
आरोप यह भी है कि एक ही निर्माण कार्य पर दो बार भुगतान कर इन्होंने गबन का प्रयास किया है। आडिट रिपोर्ट में यह आने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। आज भी राकेश कुमार अपने पद पर जमे हुए हैं। ठेकेदार संघ सहित अनेक लोगों ने इनके खिलाफ शिकायत कर चुके हैं। अब विधायक डा. संगीता बलवंत ने स्वयं इनके खिलाफ कार्रवाई को लेकर प्रमुख सचिव को पत्र दिया है।
ग्राम प्रधान से दुर्व्यवहार पर दारोगा के खिलाफ शिकायत
मरदह थाना क्षेत्र के महेगवा के ग्राम प्रधान भोला चौहान सहित दर्जनों ग्रामीणों ने सोमवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर दारोगा रमेश कुमार के खिलाफ दुर्व्यवहार सहित तमाम आरोप लगाते हुए पत्र सौंपा। फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी देते हुए ग्राम सभा की कीमती जमीन पर कब्जा करवाने का आरोप लगाया। इस शिकायत पत्र को मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी अपलोड किया गया है।
आरोप के मुताबिक महेगवा में गाजीपुर -मऊ राष्ट्रीय राजमार्ग के बगल में ग्राम सभा की नाली, नवीन परती, खलिहान की कीमती जमीन है। इस पर अतिक्रमण कर एक व्यक्ति द्वारा एक साल पूर्व निर्माण का प्रयास किया जा रहा था। तब ग्राम प्रधान सहित ग्रामीणों ने इसका विरोध किया था। ऐसे में राजस्व टीम एवं पुलिसबल द्वारा निर्माण कार्य रोक दिया गया था तब से निर्माण कार्य रुका हुआ है। आरोप मढ़ा कि उस हल्के में न होने के बावजूद कब्जा करवाने की नीयत से रमेश कुमार धमकी व गाली से लोगों को आतंकित कर रहे हैं। प्रार्थना पत्र देने वाले ग्रामीणों में हरेंद्र, अवधेश, देवमुनि, विनोद, श्रवण, मन्नी, राधेश्याम, रामनाथ, सतिराम आदि रहे।
