एसडीएम के पास पहुंची युवतियों की आपबीती सुनकर दंग रह गए अफसर, बोलीं
गाजीपुर न्यूज़ टीम, सीतापुर. एसडीएम बिसवां के कार्यालय में सोमवार शाम उस समय हड़कम्प मच गया, जब तीन युवतियों ने कहा कि उनके साथ बंधक बनाकर यौन शोषण किया जा रहा है। मचे हड़कंप के बीच युवतियों के बयान दर्ज हुए, पीड़िताओं की ओर से एसडीएम बिसवां को कार्रवाई करने के लिए तहरीर भी दी गई। एसपी का कहना है कि बयानों केआधार पर जांच करते हुए थानगांव में फार्मासिस्ट की पत्नी आदि पर केस दर्ज किया जा रहा है। एक की गिरफ्तारी भी कर ली गई है।
एसडीएम बिसवां रामदरश राम का कहना है कि वे अपने कार्यालय में जरूरी काम निपटा रहे थे। इसी दौरान तीन युवतियों ने आकर अपनी आपबीती सुनाई, बताया कि उनके साथ जबरन जिस्मफरोशी कराई गई, इतना ही नहीं उन्हें शारीरिक उत्पीड़न भी दिया गया। तीन युवतियों में से दो बिहार के मधुबनी जिले की रहने वाली है और एक आजमगढ़ की निवासी है। तीनों ने बताया है कि कुछ समय पहले उन्हें नौकरी का लालच देकर थानगांव इलाके के एक स्वास्थ्य केन्द्र पर तैनात फार्मासिस्ट की पत्नी ने बुलाया था।
यहीं पर उन लोगों के साथ मारपीट करते हुए यौन शोषण हुआ। लखनऊ और बहराइच जनपदों में भी उन्हें ले जाया गया। पीड़िताओं की ओर से शिकायती पत्र दिया गया। इसी के बाद थानगांव पुलिस को सूचित किया। उधर मामला एसपी के संज्ञान में आते ही पुलिस अधिकारी हरकत में आ गए। एसपी आरपी सिंह कहते हैं कि पीड़िता की दी तहरीर पर थानगांव इलाके के एक स्वास्थ्य केन्द्र में तैनात फार्मासिस्ट की पत्नी मंजू आदि के विरुद्ध केस दर्ज किया जा रहा है। प्रभावी कार्रवाई के तहत एक आरोपी गिरफ्तार कर लिया गया है।
नशील दवाएं खिलाकर होता था यौन शोषण
एसपी बताते हैं कि युवतियों ने तहरीर में बताया है कि उन्हें घर पर नशीली दवाएं खिलाई जाती थी, उसी के बाद उनके साथ यौन शोषण होता था। आरोप मारपीट किए जाने का भी है।
एक चालक से खुला राज
रेउसा इलाके के एक चालक ने हो रहे यौनशोषण का राज खोला। बताते हैं कि इसी चालक के साथ युवतियां, लखनऊ और बहराइच भेजी गई थीं। एक माह के भीतर तीन बार उन लोगों को गैर जनपद ले जाया गया। हाल फिलहाल निजी वाहन चालक का बयान भी दर्ज हुआ है।
