गाजीपुर में नवविवाहिता की जहर से हुई थी मौत, पति और सास गिरफ्तार
ग़ाज़ीपुर न्यूज़ टीम, गाजीपुर. गाजीपुर जिले के सुहवल थाना क्षेत्र के बहलोलपुर गांव में सितंबर माह में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाई गई 21 वर्षीय नवविवाहिता पूनम देवी की मौत का रहस्य आखिरकार सुलझ गया है। तीन महीने बाद आई विसरा रिपोर्ट में पुष्टि हुई है कि पूनम की मौत अत्यंत जहरीले कीटनाशक एल्यूमिनियम फास्फाइट के सेवन से हुई थी।
विसरा रिपोर्ट सामने आते ही पुलिस ने दहेज हत्या के मामले में त्वरित कार्रवाई की। पुलिस ने वांछित पति ऋतिक बिंद और सास सुनिता देवी को गुरुवार को राजमार्ग किनारे एक ढाबे के पास से गिरफ्तार किया। बताया गया कि दोनों आरोपी फरार होने की फिराक में वाहन का इंतजार कर रहे थे।
गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को थाने लाया गया, जहां आवश्यक पूछताछ और मेडिकल परीक्षण के बाद उनका चालान कर मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया। अदालत ने दोनों को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजते हुए जिला कारागार भेजने का आदेश दिया।
गौरतलब है कि 27 सितंबर 2025 की सुबह पूनम देवी अपने ससुराल बहलोलपुर गांव में बिस्तर पर मृत अवस्था में मिली थीं। घटना से इलाके में हड़कंप मच गया था। मृतका के बड़े भाई मनीष बिंद (निवासी बेलासी गांव, थाना करंडा) ने पति और सास पर दहेज हत्या का आरोप लगाते हुए सुहवल थाने में मुकदमा दर्ज कराया था।
पुलिस ने उस समय शव का पोस्टमार्टम कराया था, लेकिन मौत का स्पष्ट कारण सामने नहीं आ सका था। इसके बाद विसरा सुरक्षित कर जांच के लिए भेजा गया था। पुलिस उपाधीक्षक अनिल कुमार ने बताया कि विसरा रिपोर्ट में एल्यूमिनियम फास्फाइट से मौत की पुष्टि हुई है। रिपोर्ट के आधार पर दोनों आरोपियों के खिलाफ मजबूत साक्ष्य मिलने पर गिरफ्तारी की गई।
वहीं, चिकित्सा अधीक्षक एवं प्रभारी अधिकारी डॉ. अमर कुमार ने बताया कि विसरा पेट के अंदरूनी अंगों के नमूनों को कहा जाता है। उन्होंने कहा कि एल्यूमिनियम फास्फाइट अत्यंत जहरीला पदार्थ है और इसके सेवन के बाद पानी पीने से जहर तेजी से शरीर में फैलता है, जिससे कुछ ही समय में मौत हो सकती है।
