गाजीपुर में भाई को बचाने में बहन भी डूबी, दोनों की मौत
ग़ाज़ीपुर न्यूज़ टीम, गाजीपुर. गाजीपुर में शुक्रवार दोपहर गंगा नदी में डूबने से भाई-बहन की मौत हो गई। 3 साल के बच्चे का नदी किनारे पैर फिसल गया था, जिससे वह पानी में चला गया। उसे बचाने के लिए उसकी 5 साल की बहन भी नदी में कूद गई। कुछ ही देर में दोनों डूब गए।
नदी के दूसरी ओर बैठे एक युवक ने दोनों को डूबते देखा और शोर मचाया। आवाज सुनकर गांव वाले मौके पर पहुंचे। दोनों को बाहर निकालकर पहले सीपीआर दिया। फिर एंबुलेंस से सीएचसी ले गए। वहां डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद मां रो-रोकर कहने लगीं - भगवान, मेरे बच्चों को लौटा दो।
हादसा जिला मुख्यालय से करीब 12 किलोमीटर दूर करंडा थाना क्षेत्र में हुआ। करंडा थाना क्षेत्र के माहेपुर गांव के रहने वाले किसान संतोष बिंद के परिवार में पत्नी हेमवंती, बेटा कृष्णा (3), बेटी प्रिया (5) और बुजुर्ग माता-पिता थे।
संतोष ने बताया- मेरे पिता रामअवध बिन्द खेत पर गए थे। उनको खोजते हुए दोनों बच्चे सुबह करीब साढ़े 8 बजे घर से 300 मीटर दूर खेत की तरफ निकल गए। तभी दोनों गंगा नदी के किनारे पहुंच गए और खेलने लगे। करीब आधे घंटे तक दोनों खेलते रहे।
इसी दौरान 3 साल के कृष्णा का पैर फिसल गया और वह गंगा नदी में डूबने गया। उसे डूबता देख प्रिया उसे बचाने के लिए पानी में उतर गई। लेकिन, वह भी गहरे पानी में चली गई। देखते ही देखते दोनों डूबने लगे। नदी के दूसरी ओर बैठे एक युवक ने यह देखा और गांव वालों को बुलाया। उन्होंने दोनों बच्चों को नदी से बाहर निकाला।
गांव के संतोष ने बताया कि बच्चों को नदी से निकालने के बाद उनके तलवे रगड़े गए। पेट और छाती दबाकर पानी निकालने की कोशिश की गई। सीपीआर भी दी गई, लेकिन कोई हरकत नहीं हुई। इसके बाद दोनों को एंबुलेंस से मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
बच्चों के पिता संतोष बिंद खेती और मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। हादसे के बाद परिवार में कोहराम मच गया।
घटना के बाद से बच्चों की मां हेमवंती का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। परिवार के सभी लोग रोते बिलखते मेडिकल कॉलेज पहुंचे। जहां मां और दादी रोते-रोते बेसुध हो गईं। रिश्तेदारों ने उन्हें संभाला।
