गाजीपुर में 20 शातिर अपराधी 6 माह के लिए जिलाबदर
ग़ाज़ीपुर न्यूज़ टीम, गाजीपुर. गाजीपुर में कानून-व्यवस्था सुदृढ़ करने और आमजन में सुरक्षा का भाव पैदा करने के उद्देश्य से प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जनपद के 20 शातिर अपराधियों और हिस्ट्रीशीटरों को छह माह के लिए गाजीपुर की सीमा से जिलाबदर (तड़ीपार) कर दिया है। जिलाधिकारी के आदेश पर रविवार शाम पुलिस ने संबंधित थाना क्षेत्रों में ढोल-नगाड़े के साथ मुनादी कराकर आदेश की तामील कराई।
पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जनपदीय पुलिस की रिपोर्ट के आधार पर जिलाधिकारी ने 16 और 21 जुलाई को उत्तर प्रदेश गुंडा नियंत्रण अधिनियम, 1970 की धारा 2(बी) के तहत सभी 20 आरोपियों को 'गुंडा' घोषित किया था। इसके बाद अधिनियम की धारा 3(1) के तहत उन्हें छह माह के लिए जनपद की सीमा से निष्कासित करने का आदेश जारी किया गया।
रविवार को विभिन्न थाना प्रभारियों और थानाध्यक्षों ने अपने-अपने थाना क्षेत्रों में नामित अपराधियों के घर पहुंचकर सार्वजनिक मुनादी कराई। पुलिस प्रशासन ने जनपदवासियों से अपील की है कि जिलाबदर किए गए किसी भी अपराधी को अपने यहां शरण न दें। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जिलाबदर किए गए अपराधियों में राजदीप यादव (रामपुर मांझा), ज्ञानप्रकाश पाण्डेय (करण्डा), शुभम राजभर (मरदह), सलाम कुरैशी (सैदपुर), भीम साहनी (कासिमाबाद), विद्यासागर राय, शिवानंद राय (दोनों मुहम्मदाबाद), अच्छेलाल बिंद (कोतवाली), दीपक बिंद, राकेश (दोनों सुहवल), संदीप यादव, ओमप्रकाश यादव (दोनों मुहम्मदाबाद), संदीप यादव (भांवरकोल), बबलू चौहान (कोतवाली), सोनू यादव, रविंद्र यादव (दोनों दुल्लहपुर), संजय यादव (भुडकुडा), विनीत राय, आकाश राय (दोनों सुहवल) तथा तारकेश्वर राय उर्फ टुन्नू राय (जंगीपुर) शामिल हैं।
