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गाजीपुर में रास्ता मांगने पर चाकूबाजी, चार आरोपी गिरफ्तार

ग़ाज़ीपुर न्यूज़ टीम, गाजीपुर. गाजीपुर में रौजा ओवरब्रिज के नीचे टैक्सी स्टैंड के पास 8 सितंबर की रात हुई चाकूबाजी की घटना में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने शनिवार शाम करीब 6 बजे चारों को गाजीपुर सिटी स्टेशन के पूर्वी छोर स्थित आउटर के पास से पकड़ा। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अर्जुन (35), सोनू (32), मनसुख उर्फ मनसोख (34) और लोहा (31) के रूप में हुई है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों की निशानदेही पर खून से सने दो चाकू और दो डंडे बरामद किए गए हैं। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।

रजदेपुर देहाती के टेढ़वा निवासी सिद्धार्थ बिंद (32) अपने छोटे भाई शनि बिंद (18) और तीन दोस्तों के साथ 8 सितंबर की रात स्टेशन से चाय पीकर चार पहिया वाहन से घर लौट रहे थे। रात करीब 12 बजे रौजा ओवरब्रिज के नीचे टैक्सी स्टैंड के पास सड़क पर चार-पांच कबाड़ी खड़े थे।

रास्ता नहीं मिलने पर गाड़ी में बैठे लोगों ने हॉर्न बजाकर रास्ता मांगा। आरोप है कि इसी बात को लेकर कबाड़ियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी। विवाद बढ़ने पर गाड़ी में बैठे युवक नीचे उतर गए। दोनों पक्षों में बहस के बाद मारपीट शुरू हो गई।

आरोप है कि मारपीट के दौरान हमलावरों ने चाकू निकाल लिए। उन्होंने शनि बिंद के पेट में चाकू मार दिया। उसके भाई सिद्धार्थ की पीठ पर भी चाकू से हमला किया गया। शनि की हालत गंभीर होने पर उसे गाजीपुर मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। वहां प्राथमिक इलाज के बाद डॉक्टरों ने उसे वाराणसी रेफर कर दिया। वहीं, सिद्धार्थ का मेडिकल कॉलेज में इलाज किया गया और वह अब घर लौट चुके हैं।

चाकूबाजी की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची थी। ओवरब्रिज के नीचे रहने वाले कई कबाड़ियों को पूछताछ के लिए बुलाया गया, लेकिन उस समय हमलावरों का सुराग नहीं मिल सका था। पुलिस ने जांच आगे बढ़ाई और शनिवार को चारों आरोपियों को गाजीपुर सिटी स्टेशन के पूर्वी छोर स्थित आउटर के पास से गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस का कहना है कि आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल दो खून से सने चाकू और दो डंडे बरामद किए गए हैं।

घटना के अगले दिन 9 सितंबर की रात करीब 8 बजे पुलिस और नगर पालिका की टीम रौजा ओवरब्रिज के नीचे पहुंची थी। जिस स्थान पर चाकूबाजी हुई थी, वहां सड़क किनारे नगर पालिका की दुकानों और आसपास कब्जा कर रह रहे कबाड़ियों व अन्य लोगों के अस्थायी कब्जे जेसीबी से हटाए गए थे।

इसके बाद दोबारा कब्जा न हो, इसके लिए बल्लियां लगाकर बैरिकेडिंग कर दी गई थी। सीओ सिटी अनिल कुमार ने बताया था कि इस क्षेत्र से पहले भी मारपीट, चोरी और अन्य विवादों की शिकायतें आती रही हैं। चाकूबाजी की घटना के बाद क्षेत्र को खाली कराकर बैरिकेडिंग कराई गई थी।

पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ और जांच के आधार पर घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता लगाया जा रहा है। साथ ही वारदात के पूरे घटनाक्रम की भी जांच की जा रही है।