गाजीपुर में जमानिया के अधिशासी अभियंता निलंबित, समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं लेने का आरोप
ग़ाज़ीपुर न्यूज़ टीम, गाजीपुर. गाजीपुर में बिजली विभाग में लापरवाही बरतने पर शासन ने बड़ी कार्रवाई की है। जमानिया विद्युत वितरण खंड के अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) अशरफी लाल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। उन पर ऊर्जा मंत्री की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में अनुपस्थित रहने, जनप्रतिनिधियों के फोन का जवाब नहीं देने और उपभोक्ताओं की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं लेने का आरोप है।
एक्सईएन के निलंबन के बाद विद्युत विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। विभागीय अधिकारियों में इस कार्रवाई को लापरवाही पर शासन की सख्त कार्रवाई और जवाबदेही तय करने के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।
बिजली व्यवस्था को लेकर लगातार मिल रही थीं शिकायतें
जमानिया क्षेत्र में लंबे समय से बिजली व्यवस्था को लेकर उपभोक्ताओं की शिकायतें सामने आ रही थीं। क्षेत्र में बड़ी संख्या में ट्रांसफार्मर खराब होने और समय पर बदलने की कार्रवाई नहीं होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
बताया जा रहा है कि जमानिया क्षेत्र में 100 से अधिक ट्रांसफार्मर लंबे समय से खराब पड़े थे। इसके चलते कई इलाकों में बिजली आपूर्ति प्रभावित थी। खराब ट्रांसफार्मरों को बदलने और ओवरलोड ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाने में देरी को लेकर विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे थे।
ऊर्जा मंत्री की ओर से बिजली व्यवस्था की समीक्षा के लिए वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग आयोजित की गई थी। आरोप है कि जमानिया एक्सईएन अशरफी लाल इस महत्वपूर्ण बैठक में शामिल नहीं हुए।
इसके अलावा जनप्रतिनिधियों की ओर से बिजली समस्याओं को लेकर किए गए फोन का जवाब नहीं देने और उपभोक्ताओं की शिकायतों के समाधान में उदासीनता बरतने की बात भी सामने आई। विभाग ने इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए शासन स्तर से निलंबन की कार्रवाई की।
जमानिया एक्सईएन पर कार्रवाई के साथ ही गाजीपुर के अधीक्षण अभियंता विवेक खन्ना को भी ऊर्जा मंत्री की ओर से कड़ी और अंतिम चेतावनी दी गई है। उन्हें निर्देश दिए गए हैं कि जिलेभर में बिजली उपभोक्ताओं की शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण कराया जाए। साथ ही खराब ट्रांसफार्मरों को तत्काल बदलने और ओवरलोड ट्रांसफार्मरों की समीक्षा कर उनकी क्षमता बढ़ाने की कार्रवाई तेजी से पूरी करने को कहा गया है।
ऊर्जा मंत्री ने स्पष्ट किया है कि बिजली आपूर्ति से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि...
- जले हुए ट्रांसफार्मरों को तत्काल बदला जाए।
- ओवरलोड ट्रांसफार्मरों की पहचान कर क्षमता बढ़ाई जाए।
- उपभोक्ताओं की शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण किया जाए।
- जनप्रतिनिधियों और आम जनता की समस्याओं को प्राथमिकता दी जाए।
जमानिया एक्सईएन के निलंबन के बाद विद्युत विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों में खलबली मची हुई है। ऊर्जा मंत्री ने साफ कर दिया है कि भविष्य में बिजली आपूर्ति, ट्रांसफार्मर बदलने, ओवरलोड की समस्या कम करने या उपभोक्ता शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही सामने आई तो संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
जमानिया एक्सईएन पर हुई कार्रवाई को विभाग में कार्यप्रणाली सुधारने और अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की दिशा में उठाए गए सख्त कदम के रूप में देखा जा रहा है।
